नई दिल्ली, मार्च 17 -- रक्षा विशेषज्ञ लेफ्टिनेंट जनरल राज शुक्ला (रिटायर्ड) ने भारतीय रक्षा क्षेत्र में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि राफेल लड़ाकू विमान और मिसाइलें तब तक बेकार हैं, जब तक उनके डिलीवरी सिस्टम को प्रभावी ढंग से उपयोग करने वाला सॉफ्टवेयर न हो। उन्होंने सुझाव दिया कि भारत को AI में भारी निवेश करना चाहिए। केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव की ओर से विकसित 12 AI मॉडलों में से तीन-चार मॉडल सेना के लिए आरक्षित किए जाने चाहिए, क्योंकि सैन्य डेटा को सिविल क्षेत्र में साझा नहीं किया जा सकता। उन्होंने विशेष रूप से सैन्य उपयोग के लिए एक्सक्लूसिव लार्ज लैंग्वेज मॉडल्स (LLMs) की जरूरत बताई। यह भी पढ़ें- होर्मुज में फंसा कितना टन LPG और तिरंगा लगे कितने जहाज? सरकार ने बताया प्लान लेफ्टिनेंट जनरल शुक्ला ने कहा कि इन...