नई दिल्ली, अगस्त 14 -- सुप्रीम कोर्ट को गुरुवार को बताया गया है कि यमन में हत्या के आरोप में मौत की सजा पाने वाली भारतीय नर्स निमिषा प्रिया को तुरंत कोई खतरा नहीं है। इसके बाद न्यायालय ने मामले को आठ सप्ताह बाद सुनवाई के लिए सूचीबद्ध कर दिया। प्रिया को कानूनी सहयोग दे रहे याचिकाकर्ता संगठन 'सेव निमिषा प्रिया इंटरनेशनल एक्शन काउंसिल' के वकील ने न्यायमूर्ति विक्रम नाथ और न्यायमूर्ति संदीप मेहता की पीठ से मामले को स्थगित करने का अनुरोध किया। शीर्ष अदालत उस याचिका पर सुनवाई कर रही है जिसमें केंद्र को केरल के पलक्कड़ की 38 वर्षीय नर्स को बचाने के लिए राजनयिक माध्यमों का उपयोग करने का निर्देश देने का अनुरोध किया गया है। निमिषा प्रिया को 2017 में अपने यमनी कारोबारी साथी की हत्या का दोषी ठहराया गया था। वकील ने कहा, ''बातचीत चल रही है। फिलहाल कोई ...
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