मोदी, आरएसएस, चीन का हिस्सा हटाएं; सोनिया गांधी की किताब से क्या आपत्ति
नई दिल्ली, अगस्त 28 -- इन दिनों सोनिया गांधी का संस्मरण चर्चा का विषय बना हुआ है। खासतौर से इसके प्रकाशक पेंगुइन रैंडम हाउस इंडिया द्वारा इस किताब को लेकर आपत्तियों के बाद। पेंगुइन द्वारा किताब के कुछ हिस्सों को लेकर आपत्ति जताई गई है। इसके बाद इस किताब का भारत में प्रकाशन टल गया है। जिन हिस्सों पर आपत्ति की गई है, वह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, आरएसएस, भाजपा और चीन से जुड़ा है। हिन्दुस्तान टाइम्स के मुताबिक सोनिया गांधी अपने पक्ष को लेकर अडिग हैं। उनका कहना है कि यह उनकी कहानी है और किसी को हक नहीं बनता कि वह तय करे कि वह इसे किस तरह से लिखेंगी।क्या है पूरा मामला इस बीच उम्मीद है कि पेंगुइन की एक अन्य शाखा, अल्फ्रेड ए. नॉर्फ 10 नवंबर को सोनिया गांधी के संस्मरण, 'बिलॉंगिंग: ए जर्नी ऑफ लव' को पूरी दुनिया में जारी करेगा। वहीं, ऐसी खबरें हैं ...
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