मुरादाबाद, मार्च 24 -- छह जुलाई 2011 का वह कांड याद आते ही लोगों की आंखों के सामने वह मंजर तैर जाता है। जब मैनाठेर थाना क्षेत्र में छेड़छाड़ के एक मामले में पुलिस की दबिश को गई पुलिस पर हमला हुआ था। धार्मिक पुस्तक के अपमान के आरोप ने देखते ही देखते उग्र रूप ले लिया हिंसा भड़क गई। उग्र भीड़ ने पुलिस पर हमला बोलते हुए थाने, चौकी और वाहनों को आग के हवाले कर दिया। भीड़ के निशाने पर आए तत्कालीन डीआईजी अशोक कुमार सिंह को बुरी तरह पीट कर घायल कर दिया। डीआईजी को भीड़ में घिरा छोड़ कर तत्कीलन डीएम और हमराह वहां से भाग निकले। मैनाठेर के असालत नगर बघा निवासी छेड़छाड़ के मामले में आरोपी की गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने 6 जुलाई 2011 को दबिश दी थी। इसी दौरान आरोपी पक्ष के लोगों ने पुलिस पर धार्मिक पुस्तक के अपमान का आरोप लगाया। धार्मिक पुस्तक की बात फैली त...
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