मेरठ, मई 2 -- पश्चिमी उत्तर प्रदेश में अलग हाईकोर्ट बेंच की दशकों पुरानी मांग एक बार फिर जोर पकड़ने लगी है। शनिवार को मेरठ समेत वेस्ट यूपी के विभिन्न जिलों के अधिवक्ता न्यायिक कार्य से विरत रहे, जिससे अदालती कामकाज प्रभावित रहा। बेंच स्थापना के आंदोलन को अब नए सिरे से धारदार बनाने की रणनीति तैयार की गई है। इसको लेकर 18 मई को पश्चिम उत्तर प्रदेश के 22 जिलों के वकीलों की बैठक बुलाई गई है। यह भी पढ़ें- मुकदमा वापसी को वकीलों ने किया प्रदर्शनआंदोलन की दिशा हाईकोर्ट बेंच केंद्रीय संघर्ष समिति के चेयरमैन अनुज शर्मा एडवोकेट के नेतृत्व में वकीलों ने साफ कर दिया है कि अब यह लड़ाई आर-पार की होगी। अधिवक्ताओं का मानना है कि 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले सरकार पर दबाव बनाना जरूरी है। आंदोलनकारियों की योजना है कि इस मुद्दे को जनता के बीच ले जाया जाए और ...