मेरठ, मई 28 -- मेरठ। ईद-उल-अज़हा के मौके पर शाही ईदगाह मेरठ में मौलाना क़ारी शफ़ीक़ुर्रहमान क़ासमी, ख़तीब शाही ईदगाह व शाही जामा मस्जिद मेरठ, ने तक़रीर करते हुए मुसलमानों को इत्तेहाद, भाईचारे और समाजी एकता का पैग़ाम दिया। यह भी पढ़ें- गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित करने की मांग, राजस्थान हज वेलफेयर सोसायटी ने कही बड़ी बातईद की नमाज़ का मक़सद क़ारी शफ़ीक़ुर्रहमान क़ासमी ने कहा कि ईद की नमाज़ का असल मक़सद ही यह है कि मुसलमान एक जगह इकट्ठा होकर अल्लाह की बंदगी करें, आपस में मोहब्बत और भाईचारे को बढ़ाएं तथा एकता का प्रदर्शन करें। उन्होंने कहा कि आज छोटी-छोटी मस्जिदों और अलग-अलग स्थानों पर ईद की नमाज़ें होने लगी हैं, जिससे ईद की नमाज़ का असली मक़सद पूरी तरह हासिल नहीं हो पा रहा है। उन्होंने कहा कि मुसलमानों को बिरादरीवाद और छोटे-छोटे गुटों में बंट...