रियाद, अप्रैल 29 -- तेल उत्पादक देशों के संगठन ओपेक से संयुक्त अरब अमीरात ने अलग होने का फैसला लिया है। बीते 60 सालों से यूएई इस संगठन का हिस्सा था और अब यदि अलग हो रहा है तो यह बड़ी बात है। इस संगठन में ज्यादातर मुसलमान देश ही शामिल रहे हैं। ऐसे में संयुक्त अरब अमीरात का मुस्लिम बहुल संगठन से अलग होने का फैसला अहम है। जानकारों का कहना है कि संयुक्त अरब अमीरात के एग्जिट की वजह सऊदी अरब से मतभेद है। इसके अलावा पाकिस्तान भी इसकी एक वजह माना जा रहा है। सऊदी और यूएई के बीच सालों से मतभेद रहे हैं, लेकिन ईरान से जंग के चलते ये थोड़े दब गए थे। अब फिर से उभरते दिख रहे हैं। फाइनेंशियल टाइम्स से बातचीत में यूरेशिया ग्रुप के मिडल ईस्ट डायरेक्टर फिरास मकसद ने कहा कि संयुक्त अरब अमीरात किसी तरह के दबाव में नहीं रहना चाहता। कई बार ऐसा होता है कि संयुक्...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.