बाराबंकी, दिसम्बर 14 -- देवा शरीफ। हम गरीब हैं, ठंड भी काफी बढ़ गई है...भूखे पेट ठंड भी काफी लगती है साहब! कंबल न सही अलाव तो जलवा दीजिए...। यह कहना है महान सूफी संत के दरगाह रोड पर भीख मांगकर पेट भरने वाले करीबों का। पिछले कुछ दिनों से ठंड बढ़ने की वजह से वे इस समय ठिठुरने को विवश हो गए हैं। स्थानीय नगर में न अलाव जले न ही रैन बसेरा ही बनाया गया है। जिससे ठंड में गरीब तबके लोग ठिठुरने को विवश हो रहे हैं। ठंड से सबसे खराब स्थिति देवा शरीफ मजार के आस पास मांग कर जीविकोपार्जन करने वाले मंगता और गरीबों की है, जो इस समय ठंड में ठिठुर रहे हैं। प्रशासनिक स्तर पर बंटने वाला कंबल भी अभी तक वितरण नहीं किया गया है। जिला मुख्यालय से 13 किलोमीटर दूर देवा आदर्श नगर पंचायत में प्रत्येक वर्ष ठंड के समय में रैन बसेरा बनाया जाता था। लेकिन इस बार अब तक रैन ब...