दरभंगा, अप्रैल 10 -- राजीव रंजन झा दरभंगा। लनामिवि के पीजी इतिहास विभाग के तत्वावधान में शुक्रवार को मध्यकालीन भारतीय इतिहास के महत्वपूर्ण आयामों पर संगोष्ठी का आयोजन किया गया। संगोष्ठी में विशेष रूप से मुगल-सिख संबंध, धार्मिक-सामाजिक परिवर्तन तथा ऐतिहासिक प्रक्रियाओं के विश्लेषण पर विमर्श किया गया।मुख्य वक्ता सरकारी डिग्री कॉलेज, तलवारी-थराली, चमोली, उत्तराखंड के प्रधानाचार्य प्रो. सेराज मोहम्मद ने बताया कि प्रारंभिक दौर में संबंध अपेक्षाकृत संतुलित थे, लेकिन समय के साथ राजनीतिक एवं धार्मिक कारणों से तनाव उत्पन्न हुआ। उन्होंने बाबर से लेकर औरंगजेब तक की मुगल-सिख संबंध को कई चरणों में विभाजित करके रचनात्मक व्याख्यान प्रस्तुत किया। उन्होंने गुरु अर्जुन देव के समय की घटनाओं का उल्लेख करते हुए बताया कि मुगल शासन के साथ मतभेद बढ़े, जिसके परिणा...