अलीगढ़, मार्च 3 -- अलीगढ़, वरिष्ठ संवाददाता। रंगों के त्योहार होली का पर्व मुगलकाल में भी मनाया जाता है। तब मवेशी के सिंग के खोल में रंग भरकर फेंकते थे। मुगल काल के दौरान भीमुगलों द्वारा होली का त्योहार धूमधाम से मनाया जाता था। मुगल शासनकाल में बादशाहों को रंग से कोई परहेज नहीं था बल्कि प्यार था। वहीं ब्रिटिश हुकुमत में सार्वजनिक होली खेले जाने पर पाबंदी थी। इतिहास की जानकार प्रो. वेदवती राठी ने बताया कि बादशाह जहांगीर के समय में बांस की पिचकारी बनाकर उसमें रंग भरकर वह अपने महल के दरबारी और राज्यों के साथ होली खेलते थे। इसके अलावा बादशाह मोहम्मद शाह की भी होली खेलने का जिक्र इतिहास में मिलता है। जहांगीर काल के समय जहांगीर द्वारा होली खेलने के कई पेंटिंग्स मौजूद हैं। मुगल काल के दौरान मुगल हरम में भी होली खेली जाती थी। मुगल शासन काल में बा...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.