नई दिल्ली, अगस्त 12 -- यहां की एक विशेष अदालत ने बुधवार को 2011 के मुंबई सीरियल बम धमाकों के मामले में एक आरोपी को जमानत दे दी। कोर्ट ने इसके लिए लगभग 15 साल की लंबी जेल की सजा और पहले रिहा हो चुके सह-आरोपियों के साथ समानता के सिद्धांत का हवाला दिया। महाराष्ट्र संगठित अपराध नियंत्रण अधिनियम (मकोका) के तहत दर्ज मामलों की सुनवाई करने वाले विशेष जज सत्यनारायण आर. नवान्दर ने कहा कि कोर्ट को पता है कि आरोप 'बहुत गंभीर' हैं और उसने 'अभियोजन पक्ष के सबूतों की सच्चाई पर कोई राय जाहिर करने से' परहेज किया है। जज ने बताया कि आरोपी जैनुल शेख की अर्जी पर सिर्फ लंबे समय तक जेल में रहने के संवैधानिक आधार और जमानत पर रिहा हो चुके सह-आरोपियों के साथ समानता के सिद्धांत पर विचार किया गया। शेख 2012 से न्यायिक हिरासत में हैं।यह था मामलादक्षिण मुंबई में ओपेरा ...