नई दिल्ली, मई 26 -- दिल्ली का जिमखाना एलीट क्लब इस समय विवाद का विषय बना हुआ है। राजधानी के सबसे पॉशि इलाके में 27 एकड़ में फैला यह जिमखाना क्लब केवल स्पोर्ट्स और इंजॉयमेंट का सेंटर नहीं है बल्कि यह स्टेटस दिखाने का एक जरिया है। इसे ब्रिटिशर्स ने शुरू किया था। आज इसकी मेंबरशिप के लिए लोगों को सालों तक इंतजार करना पड़ता है। इसकी मेंबरशिप बड़े नौकरशाहों, जजों, रसूखदार बिजनेसमैन और जाने-माने लोगों को ही मिलती है। इसकी नींव ब्रिटिश अधिकारियों और कई रियासतों ने मिलकर रखी थी। सरकार ने इसे खाली करने का नोटिस जारी कर दिया है। सरकार का कहना है कि इतनी बड़ी पब्लिक प्रॉपर्टी का इस्तेमाल महज कुछ लोग कर रहे हैं।मुंबई में भी है ऐसा क्लब, अब भी यूरोपियन का अधिकार दिल्ली के जिमखाना क्लब की तरह ही मुंबई में भी ब्रीच कैंडी क्लब है जिसे आज भी यूरोपियन ही चल...