मुंगेर, मार्च 31 -- मुंगेर, निज संवाददाता। जिले के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल, सदर अस्पताल में स्वास्थ्य सुविधाओं के बड़े-बड़े दावों के बीच एक कड़वी सच्चाई सामने आई है। अस्पताल में एमआरआई (मैग्नेटिक रेजोनेंस इमेजिंग) मशीन की सुविधा उपलब्ध न होने के कारण गंभीर बीमारियों से जूझ रहे मरीजों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। आलम यह है कि स्पाइनल इंजरी, ब्रेन स्ट्रोक और ट्यूमर जैसी गंभीर स्थितियों में मरीजों को या तो निजी केंद्रों की शरण लेनी पड़ रही है या फिर भागलपुर और पटना के चक्कर लगाने पड़ रहे हैं।निजी केंद्रों में जेब पर पड़ रहा भारी बोझःसदर अस्पताल में एक्स-रे, अल्ट्रासाउंड और सीटी स्कैन की तो निःशुल्क व्यवस्था है, लेकिन एमआरआई के अभाव में मरीजों की जेब पर अतिरिक्त भार पड़ रहा है। निजी जांच केंद्रों में एक बार के एमआरआई के लि...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.