धनबाद, मार्च 13 -- घरों में लगे डिजिटल मीटर का बिजली बिल समय पर नहीं मिल रहा है। इससे लाखों उपभोक्ताओं की परेशानी बढ़ी हुई है। इसके अलावा कई ऐसे उपभोक्ता हैं, जिनके मीटर में एक लाख से अधिक यूनिट उठी है। ऐसे लोगों का भी बिजली बिल नहीं बन रहा है। इन लोगों की समस्या और अधिक विकट है। नया बाजार सब डिवीजन के सहायक अभियंता सुजित कुमार का कहना है कि कनेक्शन लेने के वक्त पांच डिजिट तक बिलिंग सॉफ्टवेयर में पंजीकृत किया जाता। जैसे ही छह डिजिट का अंक होगा, बिल बनना बंद हो जाएगा। सॉफ्टवेयर में अंक बढ़ाने के लिए वरीय अधिकारी के लॉगिंग से किया जाता है। इसके लिए उन्हें ईमेल भेजा जाता है, जिससे अगले महीने का बिल आसानी से बन जाता है। स्मार्ट मीटर लगने से यह समस्या बंद हो जाएगी। लगा रहे कार्यालय का चक्करमनईटांड़ छठ तालाब निवासी आकाश रवानी का कहना है कि घर म...
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