बुलंदशहर, फरवरी 26 -- देश को साल 2030 तक मलेरिया मुक्त बनाने के संकल्प को धरातल पर उतारने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने कमर कस ली है। अब मलेरिया की पुष्टि होने पर मरीज को 'स्पेशल ट्रीटमेंट कार्ड' जारी किया जाएगा। इस कार्ड के जरिए 14 दिन तक न केवल मरीज के उपचार की निगरानी होगी, बल्कि यह भी सुनिश्चित किया जाएगा कि आशा कार्यकर्ता नियमित रूप से मरीज के घर जाकर उसे दवा खिला रही हैं या नहीं। सरकार ने इस बार मरीजों ने बेहतर इलाज और निगरानी के लिए यह पहल की है। जनपद में मुख्य रूप से मलेरिया के प्लाज मोडियम वाई बैक्स और प्लाज मोडियम फैल्सीफेरम के केस मिलते हैं। इन मरीजों के लिए 14 दिन का दवा कोर्स पूरा करना अनिवार्य होता है, लेकिन अक्सर मरीज बीच में दवा छोड़ देते हैं। जिला मलेरिया अधिकारी नज्जार अहमद ने बताया कि नए कार्ड में रोजाना की दवाओं की जानकारी...
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