विशेष संवाददाता, अप्रैल 1 -- UP News: यूपी में साल भर सुस्त चाल से चलते विभागों ने मार्च में एक लाख करोड़ से ज्यादा की रकम खर्च की। यह रकम साल भर खर्च हुई कुल रकम का तकरीबन 18 प्रतिशत है। बजट खर्च की आपाधापी मंगलवार को भी जारी रही। शासन से वित्तीय स्वीकृतियां जारी होती रहीं। वहीं, जिलों से भी स्वीकृत रकम का इस्तेमाल न किए जा सकने की वजह से सरेंडर के प्रस्ताव भी पहुंचते रहे। देर शाम तक ट्रेजरी और शासन में कार्यालय इसी काम के लिए खुले रहे। वित्तीय वर्ष में अनुपूरक समेत खर्च के लिए सरकार ने 8.65 लाख करोड़ रुपये का बजट पास करवाया था। कोषवाणी पर उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक मंगलवार तक 5.94 लाख करोड़ रुपये की वित्तीय स्वीकृतियां जारी की जा चुकी थीं। वहीं, आधिकारिक जानकारी के मुताबिक 5.77 लाख करोड़ रुपये की रकम अब तक खर्च की जा चुकी है। इस साल फरवर...