किशनगंज, फरवरी 17 -- किशनगंज। मां और नवजात शिशु की सुरक्षा किसी भी सुदृढ़ स्वास्थ्य व्यवस्था की बुनियाद होती है। गर्भावस्था से लेकर प्रसव और प्रसवोत्तर अवधि तक दी जाने वाली सेवाओं की गुणवत्ता सीधे तौर पर मातृ एवं शिशु मृत्यु दर को प्रभावित करती है। इसी को ध्यान में रखते हुए किशनगंज जिले में संस्थागत प्रसव को सुरक्षित और जटिलता-मुक्त बनाने की दिशा में स्वास्थ्य विभाग द्वारा लगातार ठोस प्रयास किए जा रहे हैं। इन प्रयासों का मुख्य आधार प्रसव वार्ड में कार्यरत स्वास्थ्य कर्मियों को प्रशिक्षित कर उन्हें अधिक कुशल और दक्ष बनाना है। इसी क्रम में सदर अस्पताल के सभागार में आयोजित 21 दिवसीय स्किल्ड बर्थ अटेंडेंट प्रशिक्षण के उपरांत प्रशिक्षण प्राप्त एएनएम एवं जीएनएम को प्रमाणपत्र प्रदान किए गए। यह प्रशिक्षण 28 जनवरी से 17 फरवरी तक संचालित हुआ, जिसमें...
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