बेगुसराय, फरवरी 26 -- खोदावंदपुर, निज प्रतिनिधि। हुजूर अकदस सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम का इरशाद है कि रमज़ान के महीने में अपने मातहत काम करने वाले लोगों और नौकर के साथ भी बेहतर बर्ताव करो। उनके साथ नरमी और रहमदिली के साथ पेश आने का हुक्म है। अगर मातहत काम करने वाले लोग रोज़ेदार नहीं भी हों तो उनके साथ नरमी और रहमदिली का बर्ताव करते हुए उनपर काम का बोझ नहीं डालना चाहिए। यह बात जामा मस्जिद नुरूल्लाहपुर के पूर्व इमाम मौलाना मोहम्मद मोइनुद्दीन साहब ने आठवें रमज़ानुलमुबारक के मौके पर गुरुवार को अपनी नूरानी तकरीर के दौरान कही। उन्होंने बताया कि खुदा ने रमज़ानुलमुबारक के महीने में सभी पर रियायत बरतने का हुक्म दिए हैं। अगर कोई खुदा के बंदों के साथ हमदर्दी से पेश आता है, तो खुदा वैसे लोगों से खुश होते हैं। इमाम साहब ने कहा कि इंसान को चाहिए कि वह किस...
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