नई दिल्ली, सितम्बर 27 -- हर एक मां-बाप का सपना होता है कि उनके बच्चे जीवन में बड़े सा बड़ा पद हासिल करें और खूब तरक्की करें। एक ऐसा ही सपना अपने बेटे के लिए देखा महाराष्ट्र की एक छोटे से गांव की रहने वाली सखुबाई पडिभार ने। भले ही वो स्कूल की चौखट तक नहीं गई, लेकिन अपने बेटे गौतम को पढ़ा-लिखाकर अफसर बनना चाहती थीं। इसके लिए उन्होंने ना सिर्फ मजदूरी की, बल्कि मुंबई की झुग्गी में रहकर गली-गली जाकर कचड़ा भी बीना। मां की कई रातें भूखें पेट गुजरीं, ना जाने कितनी ही बार मुश्किलों का सामना करना पड़ा, लेकिन कभी भी बेटे की पढ़ाई में कमी नहीं आने दी। मां की मेहनत, तपस्या और लगन का मेहनत ही था, जिसकी वजह से बेटे ने पहले आईआईटी मद्रास से बीटेक किया और फिर यूपीएससी क्रैक कर आईएफएस अधिकारी बन गया। चलिए आज हम आपको सक्सेस स्टोरी में गौतम पडीभर की कहानी बत...