गंगापार, जून 17 -- सीएचसी से सुदूर गांवों के ग्रामीणों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए स्थापित मांडा क्षेत्र की तीनों पीएचसी दो साल से डाक्टर विहीन हैं। एक पीएचसी तो केवल इकलौते स्वीपर के भरोसे दो साल से चल रही है। प्रयागराज जनपद के दक्षिणी पहाड़ी भूभाग में स्थित लगभग 24 वर्ग किलोमीटर में फैले एक लाख पैंसठ हजार मतदाताओं वाले मांडा विकास खंड के 69 ग्राम पंचायतों के लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए वर्ष 1982 से 1987 के मध्य महेवा कला, केड़वर और दोहथा में करोड़ों के लागत से तीन पीएचसी स्थापित किये गये। पिछले दो साल से तीनों पीएचसी डाक्टर विहीन चल रहे हैं। महेवा कला में फार्मासिस्ट सत्येन्द्र सिंह, लैब सहायक भगवत प्रसाद, नर्स काजल गुप्ता व स्वीपर / चौकीदार के पद पर संगमलाल नियुक्त हैं। सबसे बदतर दशा केड़वर...