नई दिल्ली, अक्टूबर 15 -- कोलकाता की एक अदालत ने तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) सांसद महुआ मोइत्रा को पश्चिम बंगाल के मुख्य सचिव मनोज अग्रवाल के खिलाफ 'कोई भी मानहानिपूर्ण बयान' देने से रोक दिया है। मुख्य सचिव ने शिकायत की थी कि मोइत्रा ने 'एसआईआर' के संबंध में उन पर बेबुनियाद आरोप लगाए हैं। अलीपुर स्थित सिविल जज सीनियर डिवीजन (प्रथम अदालत) ने कृष्णानगर की सांसद को निर्देश दिया कि वे अग्रवाल के खिलाफ सोशल मीडिया पर की गई अपनी उन पोस्ट को 24 घंटे में हटा दें, जो मतदाता सूची के (एसआईआर) और इस साल हुए पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनावों से जुड़ी हैं। हालांकि, अदालत ने स्पष्ट किया कि इस आदेश का मतलब यह नहीं है कि एसआईआर या किसी आधिकारिक फैसले की 'उचित आलोचना' नहीं की जा सकती। यह भी पढ़ें- महुआ की याचिका पर सुनवाई आज

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