गुड़गांव, मार्च 5 -- गुरुग्राम। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से 30 अप्रैल 2026 तक न्याय और सम्मान महिला-वृद्ध बंदियों के लिए अभियान चलाया जाएगा। इसका उद्देश्य जेलों में बंद महिला बंदियों और वरिष्ठ नागरिक बंदियों को न्याय तक पहुंच, निःशुल्क विधिक सहायता और विभिन्न कल्याणकारी सेवाओं की जानकारी उपलब्ध कराना है। मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी (सीजेएम) एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव राकेश कादियान ने बताया कि इस अभियान का उद्देश्य महिला और वृद्ध बंदियों को समय पर विधिक सहायता उपलब्ध कराना तथा उनके अधिकारों और सम्मान की रक्षा सुनिश्चित करना है। उन्होंने कहा कि महिला और वृद्ध बंदी आपराधिक न्याय प्रणाली के सबसे संवेदनशील वर्गों में शामिल हैं। कई मामलों में उन्हें विधिक जागरूकता की कमी, पारिवारिक सहयोग के अभाव, स्वास्थ्य समस्याओं और समय पर विधि...