महिला को चेतावनी देकर किया गया रिहा
रांची, मई 16 -- रांची, संवाददाता। अपर न्यायायुक्त अखिलेश कुमार तिवारी की अदालत ने चान्हो थाना से जुड़े 10 साल पुराने हत्या की कोशिश के आरोप से सुकरी उरांव को बरी कर दिया। अदालत ने कहा कि अभियोजन पक्ष धारा 307 आईपीसी का आरोप साबित करने में विफल रहा, क्योंकि न तो डॉक्टर की गवाही कराई गई और न ही मेडिकल रिपोर्ट साक्ष्य के रूप में प्रस्तुत की गई। अदालत ने महिला को सिर्फ मारपीट मामले में दोषी पाया। लेकिन लंबी सुनवाई और पूर्व आपराधिक इतिहास नहीं होने के कारण उसे चेतावनी देकर रिहा कर दिया। मामला भूमि विवाद और डायन-बिसाही के आरोप से जुड़ा था। यह भी पढ़ें- हत्या की कोशिश और फायरिंग केस में नौ आरोपी बरी अभियोजन के अनुसार 27 दिसंबर 2016 को आरोपियों ने भारतदेव भगत और उनके परिवार पर लाठी-डंडे से हमला किया था। घटना को लेकर चान्हो थाना में प्राथमिकी दर्ज...
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