आगरा, जून 27 -- विश्व प्रकृति निधि भारत व सिंचाई विभाग अधिकारी काली नदी व स्थानीय आद्रभूमि समेत मीठे पानी के संसाधनों को पुर्नजीवित करने के लिए किसानों को जागरूक कर रहे हैं। किसानों को जलवायु परिवर्तन व जलसरंक्षण करने के बारे में भी जागरूक किया जा रहा है। शनिवार को विश्व प्रकृति निधि भारत संस्था के सीनियर परियोजना अधिकारी हिमांशु शर्मा ने पटियाली ब्लॉक के आंगनवाड़ी कार्यकर्ता, सहायिका व महिला किसानों को जलसंरक्षण के बारे में विस्तार से जानकारी दी। किसानों को जलवायु परिवर्तन, अमृत पानी, जीवांमृत, पानी घना का उपयोग कैसे करें, इस संबंध में बताया। किसानों को खेतो में रासायनिक खाद और दवाओं की जगह जैविक अमृत पानी और गोबर खाद का उपयोग खेतो में अपनाने की जानकारी दी गई। यह भी पढ़ें- महिला किसानों को जल संरक्षण के प्रति किया जागरूक फसल चक्र अपनाने ...