रुद्रपुर, जुलाई 12 -- रुद्रपुर, संवाददाता। आगामी मानसून सत्र में महिला आरक्षण बिल-2023 को बिना किसी शर्त लागू करने की मांग को लेकर रविवार को अखिल भारतीय प्रगतिशील महिला एसोसिएशन की ओर से गोष्ठी आयोजित की गई। वक्ताओं ने महिला आरक्षण को परिसीमन और जनगणना से जोड़ने का विरोध करते हुए इसे वर्तमान लोकसभा और विधानसभा सीटों पर तत्काल लागू करने की मांग की। ऐपवा की राष्ट्रीय सचिव श्वेता राज ने कहा कि महिला आरक्षण बिल को परिसीमन से जोड़ना लोकतांत्रिक प्रतिनिधित्व को प्रभावित करेगा और कई राज्यों के साथ असमानता पैदा करेगा। बार काउंसिल ऑफ उत्तराखंड की सदस्य अमनदीप कौर ने विभिन्न आयोगों और समितियों में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने की आवश्यकता बताई। प्रदेश संयोजक शिवानी पांडे ने अंकिता भंडारी हत्याकांड की सीबीआई जांच में प्रगति न होने पर सवाल उठाए। किरण पा...