महारास जीवात्मा और परमात्मा के मिलन का प्रतीक : गंगोत्री तिवारी
मुजफ्फर नगर, जून 11 -- खतौली त्रिवेणी शुगर मिल स्थित मां वैष्णो देवी मंदिर प्रांगण में चल रही श्रीमद्भागवत कथा के छठे दिन श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। कथा व्यास पंडित गंगोत्री तिवारी मृदुल महाराज ने महारास लीला, रुक्मिणी विवाह और उद्धव प्रसंग का भावपूर्ण वर्णन किया।कथा व्यास ने बताया कि महारास जीवात्मा और परमात्मा के मिलन का प्रतीक है, जहां अहंकार त्यागने पर ही वास्तविक आनंद मिलता है। रुक्मिणी विवाह प्रसंग के दौरान भगवान श्रीकृष्ण और माता रुक्मिणी की दिव्य झांकी सजाई गई, जिससे पूरा पंडाल रुक्मिणी वल्लभ की जय के जयकारों से गूंज उठा। वहीं, उद्धव प्रसंग के माध्यम से उन्होंने सिद्ध किया कि ज्ञान से भक्ति श्रेष्ठ है। यह भी पढ़ें- महारास जीवात्मा और परमात्मा के मिलन का प्रतीक : गंगोत्री तिवारी इस अवसर पर मुख्य यजमान सहायक प्रबंधक अशोक शर्मा एव...
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