नई दिल्ली, दिसम्बर 5 -- मस्जिद में लाउड स्पीकर इस्तेमाल करने की अनुमति देने से बॉम्बे हाईकोर्ट की नागपुर बेंच ने इनकार कर दिया है। कोर्ट की तरफ से कहा गया कि कोई भी धर्म लाउडस्पीकर का उपयोग करके धर्म का पालन करने के लिए नहीं कहता है। ऐसे में इसे मौलिक अधिकार के रूप में नहीं मांगा जा सकता। न्यायमूर्ति अनिल पंसारे और राज वकोड़े की पीठ ने ऐसे मामलों में सुप्रीम कोर्ट के फैसलों का हवाला देते हुए कहा कि कोई भी धर्म यह नहीं कहता है कि प्रार्थना लाउड स्पीकर या ढोल नगाड़ों के जरिए ही की जाए। इसके बाद कोर्ट ने याचिका को खारिज करते हुए कहा, 'याचिकाकर्ता यह साबित करने में असमर्थ रहा कि लाउड स्पीकर धार्मिक अभ्यास के लिए अनिवार्य है। इसलिए याचिकाकर्ता लाउडस्पीकर लगाने का अधिकार नहीं मांग सकता। याचिका खारिज की जाती है।'क्या है मामला? महाराष्ट्र के जिला...
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