लखनऊ, फरवरी 26 -- गोमतीनगर स्थित निजी अस्पताल मरीज की मौत के मामले में दोषी पाया गया है। करीब पांच माह कमेटी ने जांच की। कमेटी ने जांच रिपोर्ट मानवाधिकार आयोग को भेज दिया है। जल्द ही स्वास्थ्य विभाग अस्पताल पर शिकंजा कसेगा। बाराबंकी सतरिख भटौली गांव निवासी रोशनी (24) को बीते 27 सितंबर को बुखार व सिरदर्द की शिकायत हुई थी। पति संजय मरीज को लेकर गोमतीनगर खरगापुर स्थित निजी अस्पताल लेकर पहुंचे। डॉक्टर की सलाह पर मरीज को भर्ती किया गया। डॉक्टरों ने लक्षणों के आधार पर सीटी स्कैन व खून से जुड़ी जांचें कराई। पति ने आरोप लगाया था कि जांच रिपोर्ट सामान्य थी। इसके बावजूद इलाज में कोताही बरती गई थी। नतीजतन मरीज की हालत बिगड़ गई थी। उन्हें आईसीयू में शिफ्ट किया गया था। जहां इलाज के दौरान मरीज की मौत हो गई थी। अस्पताल प्रशासन ने इलाज के नाम पर करीब एक ...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.