बिहारशरीफ, जून 13 -- मनमानी: बीत गया रोहिणी नक्षत्र, एक छटांक नहीं मिला अनुदानित बीज बीज के लिये ई किसान भवनों की खाक छान रहे नालंदा के किसान 569.28 क्विंटल अनुदान पर तो 132 क्विंटल प्रत्यक्षण के बीज वितरण का लक्ष्य कृषि विभाग के कोरे आश्वासनों से थके किसान, जेब ढीली कर बाजार से खरीद रहे बीज फोटो खेत : नूरसराय के पास धान के बीज बोने के लिए तैयार खेत। बिहारशरीफ, कार्यालय प्रतिनिधि। खरीफ सीजन में धान की लम्बी अवधि का बिचड़ा तैयार करने का मुख्य समय (रोहिणी नक्षत्र) बीत चुका है। लेकिन, नालंदा के किसान अब तक अनुदानित बीज के लिए तरस रहे हैं। सरकारी सिस्टम की सुस्ती का आलम यह है कि ई-किसान भवनों में अब तक एक छटांक बीज की आपूर्ति नहीं हुई है। कृषि विभाग के कोरे आश्वासनों से थककर किसान अब खुद को ठगा सा महसूस कर रहे हैं। खेती पिछड़ने के डर से अन्नदा...