हल्द्वानी, दिसम्बर 18 -- हल्द्वानी, मुख्य संवाददाता। हल्द्वानी विधायक सुमित हृदयेश ने केंद्र सरकार की नीतियों की कड़ी आलोचना की है। उन्होंने कहा कि महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) के नाम में बदलाव करना राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के विचारों, संघर्ष और सम्मान पर सीधा प्रहार है। मनरेगा केवल एक योजना नहीं, बल्कि देश के गरीब, मजदूर और ग्रामीण परिवारों की जीवनरेखा है, जिससे छेड़छाड़ जनविरोधी सोच को दर्शाती है। गुरुवार को होटल सौरभ में पत्रकारों से बात करते हुए विधायक हृदयेश ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार मनरेगा के तहत 100 दिन के रोजगार को घटाकर 60 दिन करने की मंशा बना रही है। यह गरीबों के कानूनी अधिकारों पर सीधा हमला है। इससे ग्रामीण बेरोजगारी, भुखमरी और आर्थिक असुरक्षा बढ़ेगी। उन्होंने कहा कि पहले मनरेगा के कार्य ग्राम...