शाहजहांपुर, मार्च 30 -- शाहजहांपुर। मध्य-पूर्व में चल रहे युद्ध का असर यूरिया उत्पादन पर पड़ने लगा है। गैस सप्लाई प्रभावित होने से शाहजहांपुर के प्लांट में उत्पादन घटा है और आगे और गिरावट की आशंका जताई जा रही है।जानकारों की मानें तो, यूरिया निर्माण में प्राकृतिक गैस सबसे अहम कच्चा माल है। भारत अपनी 60-65 प्रतिशत एलएनजी जरूरत मध्य-पूर्व से पूरी करता है। युद्ध के कारण गैस सप्लाई बाधित होने से कई उर्वरक संयंत्रों को उत्पादन कम करना पड़ा है, जबकि कुछ स्थानों पर अस्थायी बंदी की स्थिति भी बनी। कच्चे माल की उपलब्धता घटने के साथ ही लागत में भी बढ़ोतरी हुई है। अमोनिया, गैस और फॉस्फोरिक एसिड की सप्लाई प्रभावित होने से अमोनिया की कीमतों में 20-25 प्रतिशत तक उछाल आया है। इससे उर्वरक उत्पादन महंगा हो गया है। आयात पर भी असर पड़ा है, क्योंकि भारत 40 प्र...
Click here to read full article from source
To read the full article or to get the complete feed from this publication, please
Contact Us.