नई दिल्ली, जुलाई 24 -- नीट पेपर लीक की वजह से 20 जून को जंतर-मंतर पर शुरू हुआ कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) का आंदोलन अब राष्ट्रीय विमर्श का मुख्य मुद्दा बन चुका है। तमाम तरह के विरोध, हंगामे, टकराव और धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे को लेकर बढ़े दबाव के बीच रिटायर्ड आईपीएस अधिकारी और पुडुचेरी की पूर्व उपराज्यपाल किरण बेदी ने शासन-प्रशासन और स्कूल-कॉलेज प्रबंधनों के लिए कुछ सुझाव दिए हैं। छात्र कैसे सड़कों पर आने की बजाय, क्लासरूम में रहें, इसको लेकर बेदी ने सबसे प्रमुख उपाय यह बताया है कि हर स्तर पर उनकी बात को सुना जाए और इसके लिए उचित व्यवस्था हो, जहां वह अपनी शिकायतें रख सकें। उन्होंने एक लेख लिखकर कई कदम उठाने की सलाह दी है। किरण बेदी सीजेपी आंदोलन में चल रहे विवादों का जिक्र करते हुए कहती हैं, 'हाल के घटनाक्रम से दो नैरेटिव सामने रखे हैं। टी...