मधुबनी, अप्रैल 17 -- दीपेंद्र दीपम बाबूबरही, निज संवाददाता। मिथिला क्षेत्र में मखाना की खेती किसानों के लिए वरदान साबित हो रही। खासकर, बाबूबरही प्रखंड सहित जिले भर के ग्रामीण इलाकों में बड़ी संख्या में जलकर और फलकर श्रेणी से जुड़े हुए किसान अब पारंपरिक खेती छोड़कर मखाना उत्पादन की ओर तेजी से बढ़ रहे। कम लागत में बेहतर मुनाफा मिलने के कारण किसान आर्थिक रूप से मजबूत हो रहे हैं और उनकी आय में बढ़ोत्तरी हो रही है। खोजपुर, घंघोर, बरैल, बरूआर सहित संपूर्ण क्षेत्र के अधिकांश गांवों में तालाब, पोखर, जलजमाव वाली भूमि के साथ बंजर तथा अनुपयोगी बन रही खेतों में बड़े पैमाने पर मखाना की खेती की जा रही है। यह भी पढ़ें- जायद में संकर मक्का बोएं, नीलगायों से पायें निजात उपेंद्र सहनी, रामचंद्र मुखिया, बलराज सहनी आदि किसानों का कहना है कि धान व गेहूं की अपेक्षा म...
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