पटना, जनवरी 22 -- मखाना खेती और व्यापार के लिए एकीकृत मॉडल विकसित किया जाएगा। मखाना की खेती के लिए पैकेज ऑफ प्रैक्टिस तैयार करने, संग्रहण, प्रसंस्करण, तकनीकी उन्नयन तथा जीआई उपयोगकर्ताओं के पंजीकरण सहित सशक्तीकरण किया जाएगा। कृषि भवन मीठापुर में गुरुवार को केंद्र सरकार से आए तकनीकी जांच दल और कृषि विभाग अधिकारियों के बीच हुई बैठक में इस पर सहमित बनी। बैठक की अध्यक्षता कृषि विभाग प्रधान सचिव नर्मदेश्वर लाल ने की। उन्होंने बताया कि बीज आकार प्रोटोकॉल, फसल बीमा, किसान क्रेडिट कार्ड के जरिए लोन सुविधा तथा किसानों को सीधे लाभ पहुंचाने के लिए एसओपी आधारित कार्यान्वयन सुनिश्चित किया जा रहा है। बीज उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए समन्वित प्रयास किए जा रहे हैं। इसके मूल्य संवर्धन, निर्यात संभावनाओं तथा किसानों की आय वृद्धि पर विशेष ध्यान दिया जा रहा...
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