मकोई के फल-पौधे पर शोध में बढ़ी कई देशों की दिलचस्पी
प्रयागराज, जून 12 -- प्रयागराज। ग्रामीण इलाकों में आसानी से मिलने वाला मकोई (फिजालिस) का फल और पौधा अब दुनिया भर के वैज्ञानिकों की रुचि का केंद्र बन गया है। इसके औषधीय और पोषण संबंधी गुणों के कारण पिछले दो दशकों में इस पर शोध कार्य में तेजी से वृद्धि हुई है। यह तथ्य इलाहाबाद विश्वविद्यालय के फैमिली एंड कम्युनिटी साइंस डिपार्टमेंट (पूर्व में गृह विज्ञान विभाग) और शुआट्स के वैज्ञानिकों के हालिया अध्ययन में सामने आया है। विभागाध्यक्ष प्रो. नीतू मिश्रा के नेतृत्व में हुए इस अध्ययन में जो तथ्य सामने आए उसे दुनिया की सबसे बड़े और प्रतिष्ठित वैज्ञानिक, तकनीकी और चिकित्सा संबंधी जर्नल एल्सेवियर ने प्रकाशित किया है। प्रो. नीतू मिश्रा ने मकोई पर 2023 तक प्रकाशित हुए 1932 वैज्ञानिक शोध पत्रों का विश्लेषण किया। पता चला कि मकोई पर पहला शोध पत्र 118 सा...
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