बांका, अप्रैल 6 -- कटोरिया (बांका), निज प्रतिनिधि। शनिवार देर शाम जब एक ही परिवार के तीन लोगों की चिता जली, तो कटोरिया के बनरझोप गांव का हर दिल सिसक उठा। चाचा-भतीजे की एक साथ उठी अर्थी ने न सिर्फ एक परिवार, बल्कि पूरे गांव को गहरे शोक में डुबो दिया। तीनों का अंतिम संस्कार गांव के लोगों की मौजूदगी में मौथाबाड़ी के मंझला जंगल में किया गया। उस वक्त वहां मौजूद हर व्यक्ति की आंखें नम थीं और माहौल बेहद भावुक हो गया था। घटना के बाद से गांव की जिंदगी जैसे थम सी गई है। न कहीं पहले जैसी चहल-पहल है और न ही रोजमर्रा की सामान्य गतिविधियां। हर ओर सन्नाटा और गम का माहौल पसरा हुआ है। घटना के दूसरे दिन भी रविवार को गांव में सन्नाटा पसरा रहा। वहीं शनिवार की रात सिसकियों की आवाजें गूंजती रहीं। रुक रुककर रोने की आवाज से रात का सन्नाटा रह रहकर टूटता रहा। मृतक...