बागपत, जनवरी 31 -- बागपत। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने मोहम्मद अरशद बनाम उत्तर प्रदेश राज्य मामले में बागपत प्रशासन की कार्यप्रणाली पर कड़ी नाराजगी व्यक्त की है। न्यायमूर्ति नीरज तिवारी और न्यायमूर्ति गरिमा प्रसाद की खंडपीठ ने जिलाधिकारी बागपत को चेतावनी देते हुए निर्देश दिया है कि यदि मामले में प्रभावी पैरवी सुनिश्चित नहीं की गई, तो उन्हें 5 फरवरी को व्यक्तिगत रूप से न्यायालय में उपस्थित होना होगा। बताया गया है कि यह मामला अमीनगर सराय क्षेत्र में भूमि पर अवैध कब्जे और लगभग 1.25 करोड़ रुपये के गबन से जुड़ा है, जिसमें अमीनगर सराय नगर पंचायत की की भूमिका पर सवाल उठे हैं। कोर्ट ने इस प्रकरण की गंभीरता को देखते हुए रजिस्ट्रार को भी आदेशित किया है कि 48 घंटे के भीतर अनुपालन रिपोर्ट पेश की जाए। इससे पूर्व, मेरठ मंडल के आयुक्त कार्यालय की ओर से भी जिलाधिक...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.