गोरखपुर, मार्च 19 -- प्रशान्त मिश्रा। गोरखपुर। खगोलीय घटनाओं में रुचि रखने वालों के लिए इस बार 20 मार्च का दिन खास होगा। इसी दिन आकाश में वसंत विषुव का प्रभाव घटित होगा। इसके प्रभाव से पृथ्वी पर दिन और रात लगभग बराबर हो जाएंगे। इस दिन सूर्य, खगोलीय भूमध्य रेखा को पार कर उत्तरी गोलार्ध में प्रवेश करेगा। इसलिए यह क्षण, दिशा मापन और सौर ज्यामिति को समझने के लिए गणितीय रूप से सबसे सटीक माना जाता है। इस दौरान भूमध्यरेखीय देशों में जीरो शैडो की स्थिति बनेगी। ऐसे में साया भी साथ छोड़ देगा।वीर बहादुर सिंह नक्षत्रशाला, गोरखपुर के खगोलविद अमर पाल सिंह ने बताया कि विषुव के दिन पृथ्वी की धुरी सूर्य की ओर न झुकी होती हैं और न ही दूर होती हैं। इस दौरान सूर्य की किरणें भूमध्य रेखा पर लंबवत पड़ती है क्योंकि सूर्य, खगोलीय भूमध्य रेखा को पार करता है। विषुव...
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