कानपुर, मार्च 16 -- कानपुर, प्रमुख संवाददाता। मुख्य विकास अधिकारी व जिला भूगर्भ जल प्रबंधन परिषद की सदस्य सचिव दीक्षा जैन ने बताया कि सभी औद्योगिक, वाणिज्यिक, अवसंरचनात्मक, आरओ प्लांट और सामूहिक भूजल उपयोगकर्ताओ को भूजल के उपयोग के लिए अनापत्ति प्रमाण-पत्र (एनओसी)/पंजीकरण का प्राविधान किया गया है। इसके अतिरिक्त भूगर्भ कूप निर्माण की समस्त ड्रिलिंग संस्थाओं का पंजीकरण अनिवार्य किया गया है। अगर इसके दोषी पाए गए तो दो से पांच लाख रुपये तक का जुर्माना और छह माह से एक वर्ष तक की सजा मिलेगी। उन्होंने कहा कि भूजल उपयोगकर्ता वेबसाइट https://niveshmitra.up.nic.in पर ऑनलाइन आवेदन कर पंजीकरण/अनापत्ति प्रमाण-पत्र प्राप्त कर लें। यदि किसी फर्म/संस्था की ओर से भूगर्भ जल निष्कर्षण के लिए अनापत्ति प्रमाण पत्र/पंजीकरण के लिए एक माह के अंदर आवेदन नहीं किया...