भूखमरी के कगार पर पहुंच गये है चिड़िया माइंस के मजदूर
चक्रधरपुर, मई 9 -- चिरिया। चिरिया खदान में पिछले सात महीनों से काम बंद है। इस कारण वहां काम करने वाले मजदूर बेरोजगार हो गए हैं। इसका असर उनके परिवार पर भी पड़ा है और सैकड़ों लोग भूखमरी के कगार पर पहुंच गये हैं। वहीं स्थानीय विधायक और सांसद द्वारा इस दिशा में कोई पहल न किए जाने से स्थिति और भी गंभीर हो गई है। उक्त बातें भाजपा अनुसूचित जन जाति मोर्चा के प्रदेश मंत्री इंद्रजीत समद ने कही। उन्होंने कहा कि सेल द्वारा चिरिया माइंस से रोजना मजदूरों की छंटनी की जा रही है। ऐसा लगता है कि सेल मजदूरों से काम नहीं कराना चाहता है। यह भी पढ़ें- रांजाबुरु माइंस बंद कर 18 गांव के मुंडा-मानकी का प्रदर्शन, स्थानीय रोजगार की मांग तेज कहा कि अगर ऐसा हुआ तो यहां बेरोजगारी और बढ़ जाएगी, क्योंकि यहां के मजदूर पत्थर फोड़ने के अलावा दूसरा काम नहीं कर सकते हैं। इसलिए...
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