लखनऊ, जनवरी 27 -- हमारा देश दुनिया का सबसे बड़ा लोकतांत्रिक देश है। यह देश विभिन्न धर्मो, सभ्यताओं, नस्लों, रंग और रस्म व रिवाज वाला देश है। इसकी यह विशेषता ही हमारे देश को सब देशों से अलग करती है। ये बातें नाजिम दारूल उलूम फंरगी महल मौलाना खालिद रशीद फरंगी महली ने गणतंत्र दिवस के अवसर पर कहीं। वह दारूल उलूम फरंगी महल में दारूल उलूम के विद्यार्थियों और शाहीन एकेडमी के छात्र व छात्राओं को झंडा रोहण के बाद संबोधित कर रहे थे। मौलाना ने कहा कि पूरी आजादी, न्याय, भाईचारा लोकतंत्र के मुख्य बिन्दु हैं। उनकी सुरक्षा और उन पर अमल हम सबकी जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा, देश का संविधान दुनिया का सबसे बड़ा लिखित संविधान है। संविधान बनाने वाली कमेटी ने 26 नवम्बर 1949 को इस संविधान को अपनाया और 26 जनवरी 1950 को देश के तमाम नागरिकों ने इसको अपने ऊपर लागू किय...
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