रुडकी, मई 2 -- रुड़की, संवाददाता। मदरहुड विश्वविद्यालय के विधि संकाय में शनिवार को राष्ट्रीय विधिक चौपाल का शुभारंभ हुआ। इस अवसर पर देशभर से आए शिक्षाविदों और विधि विशेषज्ञों ने भारतीय ज्ञान परंपरा को आधुनिक कानून व्यवस्था की आधारशिला बताया। कार्यक्रम के संरक्षक एवं कुलपति नरेंद्र शर्मा ने कहा कि विधि केवल दंड देने का माध्यम नहीं, बल्कि समाज को जोड़ने वाली व्यवस्था है। उन्होंने धर्मशास्त्र, नीतिशास्त्र और अर्थशास्त्र के सिद्धांतों को आज भी प्रासंगिक बताकर भारतीय मूल्यों पर आधारित विधिक ढांचा विकसित करने की आवश्यकता बताई।
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