मुजफ्फर नगर, मई 5 -- मोरना पौराणिक तीर्थनगरी शुकतीर्थ में स्थित श्री शुकदेव आश्रम में आयोजित रामकथा के तीसरे दिन सोमवार को विश्व प्रसिद्ध संत मोरारी बापू ने शुकदेव महाराज की महिमा, भागवत महिमा व हरी नाम महिमा सहित उचित शरणागति पर विस्तार से प्रकाश डाला तथा विशेष विशिष्ट रूप में भजन प्रस्तुत कर श्रद्धालुओं को भाव विभोर कर दिया। यह भी पढ़ें- मां यमुना भक्ति और गंगा ज्ञान का प्रतीक-विष्णु धर द्विवेदीसंत मोरारी बापू का उद्घाटन संत मोरारी बापू ने अपने 66 वर्षों के कथा युग मे 977वीं राम कथा का शुभारंभ शुकतीर्थ के सभी महापुरुषों व श्रद्धालुओं को प्रणाम कर सियाराम भजन से किया। बापू ने कहा कि रामचरितमानस में शुकदेव भगवान का वर्णन हुआ है। पांच बार शुक शब्द का प्रयोग हुआ है कथा में हमारा लक्ष्य केवल शुकदेव हैं। जो अपनी बात न कहकर गुरु के शब्दों का ह...