गंगापार, अक्टूबर 13 -- उपड़ौरा गांव में चल रही सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा के तीसरे दिन कथा वाचक स्वामी प्रभाकर ने कहा कि भागवत कथा के श्रवण करने से मानव को अलौकिक अनुभूति होती है, कष्टों से छुटकारा मिलता है, इसलिए भागवत कथा कहीं भी होती रहे, उसे श्रवण कर अन्य कार्य करना चाहिए। कहा कि जीव जब मां के गर्भ में होता है, वहां से निकलने के लिए प्रभु से कहता है कि हे प्रभु इस नर्क के द्वार से मेरा उद्धार कर दो, संसार में पहुंचने पर चौबीस घंटे आप का सिर्फ नाम स्मरण करूंगा, इस संसार में जीव आने के बाद मानव सब कुछ भूल जाता है। वह मद, मोह, लोभ, अहंकार के वश में आ जाता है। उसे इन सबसे छुटकारा नहीं मिलता तो प्रभु का नाम स्मरण कहां से करें। इस अवसर पर लालचन्द यादव उनकी धर्म पत्नी ज्योति यादव के अलावा निशान्त यादव, किरण यादव, मनोज कुमार, गोपाल यादव सहित ...
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