रांची, मार्च 23 -- अनगड़ा,प्रतिनिधि। जोन्हा में चल रही नौ दिवसीय संगीतमय श्रीराम कथा के पांचवें दिन सोमवार को भगवान श्रीराम का जन्मोत्सव पूरी भव्यता और उल्लास के साथ मनाया गया। विंध्याचल से पधारे कथा व्यास आचार्य धर्मराज शास्त्री ने जैसे ही 'भए प्रगट कृपाला, दीन दयाला, कौशल्या हितकारी...' का गान करते हुए प्रभु श्रीराम के जन्म का प्रसंग सुनाया,पूरा पंडाल शंख, घंटे-घड़ियाल और 'जय श्रीराम' के गगनभेदी जयघोष से गूंज उठा। भगवान की मनमोहक झांकी के दर्शन कर श्रद्धालु भावविभोर हो गए। इस दौरान पंडाल में मौजूद महिलाओं ने सोहर और बधाई गीत गाए, जिसपर भक्त अपनी जगह पर खड़े होकर झूमने लगे। चारों ओर से फूलों की वर्षा की गई। आचार्य धर्मराज शास्त्री ने व्यासपीठ से राम जन्म के प्रसंग का अत्यंत सजीव वर्णन करते हुए कहा कि जब पृथ्वी पर आसुरी शक्तियों का अत्याच...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.