धनबाद, अप्रैल 10 -- जियलगोरा मानस सत्संग समिति की ओर से आयोजित 54वें वार्षिक मानस महाधिवेशन के सातवें दिन गुरुवार को श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। कार्यक्रम की शुरुआत सुबह नवाह्न परायण और मंदिर परिक्रमा के साथ हुई। इस अवसर पर वाराणसी से आईं प्रख्यात कथा वाचिका प्रियंका पांडेय ने केवट प्रसंग पर मार्मिक व्याख्यान दिया। उन्होंने कहा कि भगवान बाहरी सुंदरता, धन या ऐश्वर्य नहीं देखते, वे केवल भक्त का सच्चा भाव देखते हैं। उन्होंने बताया कि जिस ईश्वर का नाम लेने मात्र से इंसान भवसागर पार कर जाता है, उस परमात्मा ने केवट के निश्छल प्रेम और भक्ति को देख कर उससे नाव मांगी और उसे धन्य कर दिया। इस 11 दिवसीय आयोजन को सफल बनाने में गणेश साव, परशुराम पांडेय, अशोक वर्मा, दिवाकर प्रसाद, योगेंद्र सिंह, विजय यादव और शिव कुमार दूबे समेत पूरी आयोजन समिति सक्रिय...