ब्लैक स्पॉट और ब्लाइंड मोड़ बने मौत का जाल, चेतावनी बोर्डों सुरक्षा के विभिन्न शाइनेज से नहीं थम रहे हादसे,
मुंगेर, जुलाई 4 -- मुंगेर, एक संवाददाता। राष्ट्रीय राजमार्गों को तेज और सुरक्षित यात्रा का माध्यम माना जाता है, लेकिन जिले से गुजरने वाले कई हाईवे आज भी ब्लैक स्पॉट और ब्लाइंड स्पॉट की गंभीर समस्या से जूझ रहे हैं। इस संवाददाता द्वारा किए गए पड़ताल में सामने आया कि, निर्धारित गति सीमा की अनदेखी, ब्लाइंड मोड़ों पर सर्विस रोड और एंट्री-एग्जिट प्वाइंट, डिवाइडर व एक्सीलरेशन लेन का अभाव तथा सड़क इंजीनियरिंग की खामियां दुर्घटनाओं की बड़ी वजह बन रही हैं। कई स्थानों पर चेतावनी बोर्ड, रिफ्लेक्टर और स्ट्रीट लाइट मौजूद होने के बावजूद चालक लापरवाही बरतते हैं। सबसे गंभीर चिंता दुर्घटना के बाद राहत एवं बचाव कार्य में होने वाली देरी है, जिससे कई मामलों में घायलों की जान पर बन आती है। यह भी पढ़ें- 25 ब्लैक स्पॉट चिह्नित, ब्लाइंड स्पॉट की निगरानी जारी, फिर...
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