सीतापुर, मार्च 27 -- जिले के ज्यादातर सरकारी स्कूलों में छात्राओं के लिए बनाए गए शौचालय बदहाल स्थिति में हैं। नियमित सफाई, पानी, रोशनी और बुनियादी सुविधाओं के अभाव ने इन शौचालयों को उपयोग के लायक नहीं छोड़ा है। इसका सीधा असर छात्राओं की पढ़ाई और उनकी उपस्थिति पर पड़ रहा है, जिससे शिक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। जिले के अधिकांश प्राथमिक, उच्च प्राथमिक और माध्यमिक विद्यालयों में छात्राओं के लिए शौचालय तो बनाए गए हैं, लेकिन उनकी स्थिति इतनी खराब है कि छात्राएं उनका उपयोग करने से कतराती हैं। जिले के लहरपुर, महोली, बिसवां, बेहटा और सकरन ब्लाकों में सरकारी स्कूलों में शौचालयों की हालत बेहद चिंताजनक है। शहर के कंपोजिट विद्यालय गांधीनगर और बिसवां के कंपोजिट विद्यालय देवकलिया में तो हालत ये है, कि शौचालय किसी भी तीह इस्तेमाल योग्य न...
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