रांची, जून 14 -- कांके (प्रतिनिधि)। कांके प्रखंड की मनातू पंचायत इन दिनों विकास और उपेक्षा की दोहरी तस्वीर पेश कर रही है। एक ओर जहां रिंग रोड बनने से इस इलाके की कनेक्टिविटी और पहचान बढ़ी है, वहीं दूसरी ओर मनातू रिंग रोड चौक लगातार सड़क हादसों का केंद्र (ब्लैक स्पॉट) बना हुआ है। हिन्दुस्तान के 'बोले रांची' कार्यक्रम में ग्रामीणों ने कहा कि पिछले कुछ वर्षों में चौक पर दुर्घटनाओं के कारण 40 से 50 लोग जान गंवा चुके हैं। कहा, यहां ओवरब्रिज निर्माण की मांग मुख्यमंत्री, राज्यपाल, सांसद, विधायक से लेकर प्रशासनिक अधिकारियों तक से की जा चुकी है। विधानसभा में भी यह मामला गूंजा, लेकिन समाधान आज तक अधूरा है। इसके साथ ही पेयजल, सिंचाई, स्ट्रीट लाइट और धार्मिक पर्यटन जैसी मूलभूत सुविधाओं का अभाव ग्रामीणों की परेशानी को और बढ़ा रहा है。

सड़क सुरक्षा की ...