मथुरा, फरवरी 16 -- ब्रज की होली जग में प्रसिद्ध है। न केबल रंग-गुलाल की होली, बल्कि यहां एक ऐसी होली भी है, जिसमें दहकती होली से पंडा निकलता है। आग की जरा सी तपिश भी जहां लोग सहन नहीं कर पाते, वहीं ब्रज में दहकती होली पर से छलांग लगाता हुआ पंडा निकल जाता है। यह होली होती है कोसीकलां के निकट फालैन में, जिसे देखने के लिए बड़ी संख्या में लोग पहुंचते हैं। यह पर्व गांव के लोगों के लिए बहुत महत्व रखता है। इस पर्व पर गांव के लोगों के नाते रिश्तेदार उनके घरों पर पहुंच जाते हैं और पूरा गांव उत्साह से भरा रहता है। फालैन को भक्त प्रहलाद की नगरी कहा जाता है। वही भक्त प्रहलाद जिसकी प्रभु में भक्ति देख उसे जलाने के लिए उसके पिता हिरण्यकश्यप ने अपनी बहन होलिका का सहारा लिया। होलिका उसे गोद में लेकर होली पर बैठ गयी थी। दहकती होली में भक्त प्रहलाद भगवान का...
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